Thursday, March 28, 2019

राष्ट्रीय सुरक्षा की ओट में वोट मांगना बंद करो मोदी जी : योगेंद्र यादव

योगेंद्र यादव ने कहा, ध्यान से देखिए मोदी जी ये खबर 7 मई 2012 की है, उस दिन DRDO ने लोऑर्बिट सेटेलाइट को नष्ट करने की क्षमता की घोषणा की थी…तो आज किस बात का बैंड बजा रहे हैं? वो भी चुनाव के बीचोंबीच? राष्ट्र के नाम संदेश देकर?


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के नाम आज देश के नाम अपने खास संबोधन में ऐलान किया है कि भारत अंतरिक्ष के क्षेत्र में दुनिया की चौथी महाशक्ति बन गया है। मगर जिस उपलब्धि को उन्होंने अपनी भाजपा सरकार की विशेष उपलब्धि बताया दरअसल वह भारत में वर्ष 2012 में कांग्रेसनीत सरकार में शुरू हुआ था, मगर मोदी ने पिछली सरकार को इसके लिए पिछली सरकार को क्रेडिट देना तक उचित नहीं समझा।

चुनावी राजनीति के लिए 2012 की उपलब्धि को अब भुनाने के लिए स्वराज पार्टी के अध्यक्ष योगेंद्र यादव ने मोदी की जमकर खिंचाई की है।
 28 अप्रैल, 2012 की इंडिया टुडे की एक खबर साझा करते हुए योगेंद्र यादव ने ट्वीट किया है, ‘ध्यान से देखिए, ये खबर 7 मई 2012 की है। उस दिन DRDO ने लोऑर्बिट सेटेलाइट को नष्ट करने की क्षमता की घोषणा की थी। तो आज किस बात का बैंड बजा रहे हैं? वो भी चुनाव के बीचोंबीच? राष्ट्र के नाम संदेश देकर? राष्ट्रीय सुरक्षा की ओट में वोट मांगना बंद करो!’
ध्यान से देखिए, ये खबर 7 मई 2012 की है। उस दिन DRDO ने लोऑर्बिट सेटेलाइट को नष्ट करने की क्षमता की घोषणा की थी।

तो आज किस बात का बैंड बजा रहे हैं?
वो भी चुनाव के बीचों बीच?
राष्ट्र के नाम संदेश देकर?

राष्ट्रीय सुरक्षा की ओट में वोट मांगना बंद करो! https://www.indiatoday.in/magazine/nation/story/20120507-agni-v-launch-india-takes-on-china-drdo-vijay-saraswat-758208-2012-04-28 
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वहीं एक अन्य ट्वीट में योगेंद्र यादव ने लिखा है, ‘मामला राष्ट्रीय सुरक्षा का है? या कुर्सी की सुरक्षा का? ये चुनाव के बीचों बीच हो क्या रहा है? चुनाव आयोग कहां है? 2012 के काम का 2019 में श्रेय ले सकते हैं तो लीजिए, लेकिन चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री के राष्ट्र के नाम प्रसारण का दुरुपयोग क्यों? चुनाव जीतने के लिए कुछ भी करेंगे?’
मामला राष्ट्रीय सुरक्षा का है?
या कुर्सी की सुरक्षा का?

ये चुनाव के बीचों बीच हो क्या रहा है?
चुनाव आयोग कहां है?

2012 के काम का 2019 में श्रेय ले सकते हैं तो लीजिए,लेकिन चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री के राष्ट्र के नाम प्रसारण का दुरुपयोग क्यों?

चुनाव जीतने के लिए कुछ भी करेंगे?
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गौरतलब है कि 2012 की भारतीय वैज्ञानिकों की उपलब्धि को भाजपा सरकार की उपलब्धि बताते मोदी ने कहा कि ‘कुछ ही समय पूर्व भारत ने एक अभूतपूर्व उपलब्धि हासिल की है। भारत ने अपना नाम अंतरिक्ष महाशक्ति के रूप में दर्ज करा दिया। दुनिया के तीन देश अमेरिका, रूस, चीन को ही यह उपलब्धि हासिल थी। अब इस पंक्ति में भारत भी शामिल हो गया है।
 भारत ने अंतरिक्ष में 300 किलोमीटर दूर लो अर्थ ऑर्बिट (एलइओ) सेटलाइट को मार गिराया है। यह एक पूर्व निर्धारित लक्ष्य था और तीन मिनट के भीतर इसे हासिल किया गया। मिशन शक्ति यह बहुत ही कठिन ऑपरेशन था, जिसे हमने हासिल किया। हम इसके लिए अपने वैज्ञानिकों बधाई देते हैं।’
अंतरिक्ष आज हमारे जीवन शैली का अहम हिस्सा बन गया है। आज हमारे पास अलग-अलग उपग्रह हैं और ये देश के विकास में योगदान दे रहे हैं। शक्ति मिशन को डीआरडीओ ने अंजाम दिया है और इसके लिए डीआरडीओ टीम बधाई की पात्र है।
इस पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कांग्रेस रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट किया, ‘डीआरडीओ को इस सफलता के लिए बहुत बधाई हो। इस मिशन की नींव यूपीए-कांग्रेस सरकार में 2012 में डाली गई थी। स्पेस टेक्नोलॉजी के मामले में भारत पहले स्थान पर रहा है, जिसके लिए पंडित नेहरू और विक्रम साराभाई के विज़न को श्रेय दिया जाना चाहिए।’
वहीं कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने भारत की इस उपलब्धि के लिए डीआरडीओ की तारीफ तो की, मगर मोदी पर तंज कसते हुए ट्वीट किया, ‘वेल डन डीआरडीओ, आपकी इस उपलब्धि पर हमें बहुत गर्व है। मैं प्रधानमंत्री को वर्ल्ड थिएटर डे की बहुत-बहुत बधाई देना चाहता हूं।’

कांग्रेस नेता अहमद पटेल ने कहा कि ‘जिस एएसएटी मिशन का आज सफलतापूर्वक परीक्षण हुआ है, वह यूपीए सरकार में शुरू हुआ था। मैं अंतरिक्ष वैज्ञानिकों और डॉ. मनमोहन सिंह के दूरदर्शी नेतृत्व को बधाई देता हूं।’---जनज्वार

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